प्रतिभा सिंह की खिलाफत में उतरे शहीदों के परिजन: पूर्व सैनिक भी बने विरोधी- कांग्रेस की मुश्किल बढ़ी

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प्रतिभा सिंह की खिलाफत में उतरे शहीदों के परिजन: पूर्व सैनिक भी बने विरोधी- कांग्रेस की मुश्किल बढ़ी


मंडी।
पाकिस्तान के साथ हुए कारगिल युद्ध पर दिए गए कांग्रेस प्रत्याशी प्रतिभा सिंह के बयान पर घमासान मच गया है। एक तरफ जहां भारतीय जनता पार्टी द्वारा इस बयान को वीरभूमि के शूरवीरों का अपमान बताकर इस चुनावी मुद्दा बना लिया गया है। वहीं, विभिन्न संगठनों द्वारा भी प्रतिभा सिंह के इस बयान का विरोध किया जाने लगा है। ऐसे में कांग्रेस के लिए प्रतिभा सिंह का यह बयान मुश्किलें खाड़ी करता नजर आ रहा है। 

सौरभ कालिया के पिता बोले- युद्ध में अपने बच्चे खोए हैं, प्रतिभा उनका दर्द नहीं जानती

कांग्रेस नेताओं द्वारा प्रतिभा सिंह के इस बयान को लेकर दी जा रही सफाई के बीच कारगिल युद्ध में जजान न्योछावर करने वाले शहीदों के परिजनों की कड़ी प्रतिक्रिया सामने आई है। बलिदानी कैप्टन सौरभ कालिया के पिता डाक्‍टर एनके कालिया ने कहा जिन लोगों ने कारगिल युद्ध में अपने बच्चे खोए हैं, प्रतिभा सिंह उनका दर्द नहीं जानती हैं। बोलने की आजादी का गलत फायदा उठाया जा रहा है।

बयान घटिया मानसिकता का प्रमाण

वहीं, दूसरी तरफ सेना मेडल से सम्मानित सेवानिवृत्त कर्नल जीएस शाही ने कहा कारगिल युद्ध को लेकर प्रतिभा सिंह द्वारा दिया गया बयान घटिया मानसिकता का प्रमाण है। कारगिल युद्ध लड़ने वाले वीरसपूतों को परमवीर चक्र व अन्य सम्मान सरकार ने शौक में नहीं, बल्कि उनके पराक्रम को लेकर दिए।

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सैनिकों की वजह से ही प्रतिभा सिंह जैसे लोग आराम से राजनीति कर रहे

पूर्व सैनिक लीग मंडी जिला के अध्यक्ष कर्नल प्रताप सिंह ने कहा देश की सीमा आज सैनिकों की वजह से सुरक्षित हैं। तभी प्रतिभा सिंह जैसे लोग आराम से राजनीति कर रहे हैं। कारगिल में कोई भेड़ बकरियां नहीं खदेड़ी थी। पाकिस्तान की सेना ने वहां धोखे से कब्जा कर लिया था। 

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देश की एक एक इंच भूमि को खाली करवाने के लिए 527 जांबाजों ने अपने प्राणों की आहुति दी थी। 13000 जवान घायल हुए थे। कई दिन युद्ध चला था। लड़ाई लाठी डंडे से नहीं बल्कि, बंदूक, तोप से लड़ी थी। ब्रिगेडियर खुशाल ठाकुर की टुकड़ी ने टाइगर हिल व अन्य चोटियों में कब्जा करने में निर्णायक भूमिका निभाई थी। इस पराक्रम के लिए उन्हें युद्ध सेवा मेडल से सम्मानित किया था। प्रतिभा सिंह को अपने बयान पर माफी मांगनी चाहिए।

अकेले खुशाल ठाकुर नहीं 527 शूरवीरों की शहादत का अपमान 

कैप्टन हेतराम का कहना है प्रतिभा सिंह ने अकेले ब्रिगेडियर खुशाल ठाकुर ही नहीं 527 शूरवीरों की शहादत का अपमान किया है। बेहतर हाेगा प्रतिभा सिंह अपने बेटे विक्रमादित्य सिंह को लेकर एक दिन सियाचिन या टाइगर हिल में गुजार कर आएं वास्तविकता का पता चल जाएगा। कांग्रेस की इन्हीं नीतियों व बयानों से देश में आतंकवाद पनपा है, देश विरोधी ताकतों के हौसले बुलंद हुए हैं।

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