हिमाचल का लाल: पिता को खोया तो मां ने संभाला, बेटा 'वतन' बना सेकंड लेफ्टिनेंट

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हिमाचल का लाल: पिता को खोया तो मां ने संभाला, बेटा 'वतन' बना सेकंड लेफ्टिनेंट


सिरमौरः
हिमाचल प्रदेश देवभूमि होने के साथ-साथ वीरभूमि भी है। यहां से हर साल कई युवा देश की सेवा करने के लिए सेना में भर्ती होते हैं। इस सब के बीच बीते कल देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी में हुई पासिंग आउट परेड में हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले स्थित पांवटा साहिब के वार्ड नंबर-3 बद्रीपुर निवासी वतन शर्मा 22 मराठा इन्फेंट्री में सेकंड लेफ्टिनेट बन सेना का हिस्सा बने हैं। पवन शर्मा बतौर सेकंड लेफ्टिनेंट पहली बार  गुजरात के गाजीपुर में जॉइन करेंगे।

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बेटे के लेफ्टिनेंट बनने पर क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ पड़ी है। मां और बहन बेटे की इस उपल्ब्धि पर बेहद खुश हैं। पवन शर्मा के लिए भी ये खुसी इसलिए भी अहम है क्योंकि उन्होंने  9वीं कक्षा में ही अपने पिता को एक हादसे में खो दिया था। इसके उपरांत पूरे परिवार की जिम्मेदारी उनकी मां के कंधों पर आ गई थी। 

मां और बहन परेड में रहीं मौजूद 

वतन शर्मा ने अपनी 12 वीं कक्षा तक की शिक्षा गुरुकुल स्कूल हरियाणा से ग्रहण की इसके बाद सेना में भर्ती होने की तैयारियों में जुट गए। कड़ी मेहनत से परीक्षा पास कर पवन शर्मा ने पुणे में प्रशिक्षण लिया। इसके उपरांत उन्होंने देहारादून स्थित आईएमए में एक वर्ष की ट्रेनिंक पूरी की। 

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वहीं, बीते कल आईएमए में हुई पासिंग आउट परेड के बाद वे सेना का हिस्सा बन गए हैं। इस उपलक्ष पर पवन शर्मा की मां विजय शर्मा व बहन निहारिका शर्मा दोनों ही परेड के समय मौजूद रहीं। वहीं, बेटे की इस उपल्ब्धि पर मां ने बताया कि बचपन से ही वतन शर्मा अच्चे शूटर रहे हैं और कम उम्र में ही शूटिंग में उन्होंने कई मेडल व ट्राफियां जीती हैं।

कुल 319 युवा भारतीय सेना का हिस्सा बने

बीते कल देहरादून आईएमए में पास आउट परेड में कुल 319 युवा भारतीय सेना का हिस्सा बने हैं। इस उपलक्ष पर देश के राष्ट्रपति राम नाथ कोविन्द भी मौजूद रहे जिन्होंने परेड की सलामी ली। इस दौरान राष्ट्रपति ने कैडेटों को ओवरआल बेस्ट परफार्मेंस और अन्य उत्कृष्ट सम्मान से नवाजा।

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