एक्शन में आईं DC श्वेता बनिक, जिले में लगा कोविड प्रतिबंध; वीकेंड को शटर डाउन

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एक्शन में आईं DC श्वेता बनिक, जिले में लगा कोविड प्रतिबंध; वीकेंड को शटर डाउन

हमीरपुरः हिमाचल प्रदेश में कोरोना के बढ़ते मामले शासन व प्रशासन की चिंता का विषय बना हुआ है। कोरोना के बढ़ते संक्रमण की चेन को तोड़ने के लिए स्थानीय प्रशासन सख्ते में आ गया है। इसी को मद्देनजर रखते हुए स्थानीय प्रशासन की ओर से कोरोना संबंधित बंदिशें लगाई जा रही हैं। 

SDM को देनी होगी जानकारी:

इसी कड़ी में हमीरपुर जिला दंडाधिकारी देब श्वेता बनिक ने आपदा प्रबंधन अधिनियम-2005 की धारा 34 के तहत आदेश जारी किए हैं। 

बता दें कि जिले में वीकेंड पर सभी दुकानों को बंद करने सहित स्कूल, कॉलेज बंद करने का निर्णय लिया गया है, इसके साथ ही शादी-समारोह में 50 प्रतिशत लोगों के उपस्थित रहने की अनुमति रहेगी। 

किसी भी तरह के कार्यक्रम के आयोजन से पहले आयोजक को इसकी सूचना एसडीएम को देना अनिवार्य रहेगी।

जानें क्या बंद क्या खुला:

जारी निर्देशों के मुताबिक जिले के अंतर्गत आने वाले सभी (सरकारी, अर्ध सरकारी और निजी) शिक्षण संस्थान स्कूल, कॉलेज, विश्वविद्यालय, अकादमिक संस्थान, इंजीनियरिंग, पॉलीटेक्रिक कालेज, आईटीआई, कोचिंग सेंटर और आवासीय स्कूल 26 जनवरी तक बंद रहेंगे। 

नर्सिंग और मेडिकल कालेज स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी कोविड-19 के सुरक्षा मानकों की अनुपालना के साथ खुले रहेंगे।

जिला दंडाधिकारी कार्यालय सहित सभी सरकारी विभागों, सार्वजनिक उपक्रमों, स्थानीय निकायों, स्वायत्त संस्थानों के कार्यालय शनिवार और रविवार को बंद रहेंगे। ये सभी कार्यालय सप्ताह में 5 दिन 50 प्रतिशत उपस्थिति के साथ खुले रहेंगे। 

आपातकालीन और अन्य आवश्यक सेवाओं जैसे-स्वास्थ्य, पुलिस, अग्निशमन, बैंक, बिजली-पानी, सफाई व्यवस्था, सार्वजनिक परिवहन, संचार सेवाएं, आबकारी, बजट और इससे संबंधित सेवाओं एवं गतिविधियों इत्यादि से संबंधित कार्यालयों पर ये आदेश लागू नहीं होंगे। 

हर कार्यालय अध्यक्ष 50 प्रतिशत उपस्थिति के लिए ड्यूटी रोस्टर जारी करेंगे। जिला के न्यायिक कार्यालयों के लिए माननीय उच्च न्यायालय द्वारा अलग से आदेश जारी किए जाएंगे।

सभी प्रकार के सामाजिक और धार्मिक आयोजनों की भीड़ पर पूर्णतया: प्रतिबंध रहेगा। 

अकादमिक, खेल, मनोरंजन, सांस्कृतिक और राजनीतिक आयोजनों तथा विवाह और अंतिम संस्कार के लिए 50 प्रतिशत क्षमता के साथ ही अनुमति मिलेगी।

इंडोर आयोजनों में 50 प्रतिशत क्षमता के साथ अधिकतम 100 लोगों, खुले स्थानों में भी 50 प्रतिशत क्षमता एवं अधिकतम 300 लोगों को ही अनुमति होगी।

नोटः आयोजक को पूर्व में ही इसकी सूचना एसडीएम को देनी होगी। एसडीएम कोविड परिस्थितियों के आधार पर आयोजकों को अतिरिक्त शर्तों के साथ अनुमति दे सकते हैं। इन सभी आयोजनों में कोविड-19 अनुरूप व्यवहार और सुरक्षा प्रोटोकॉल की सख्ती से अनुपालना सुनिश्चित करनी होगी। 

इन पर है रोक:

  • जिला में सभी स्थानों पर धार्मिक स्थलों एवं पूजा स्थलों पर लंगर, सामुदायिक रसोई और धाम पर पूर्णतया: प्रतिबंध रहेगा।
  • बाजारों और दुकानों के खुलने के लिए भी समय निर्धारित है।
  • जिला में सभी बाजार और दुकानें सुबह 6 से शाम 6 बजे के बीच ही खुली रहेंगी। 
  • होटल, रेस्तरां, ढाबे और खाने-पीने की अन्य दुकानें रात 10 बजे तक खुली रखने की अनुमति होगी। 
  • रेहड़ी-फड़ी पर खाने की अनुमति नहीं होगी। 
  • शनिवार-रविवार को सभी बाजार, शॉपिंग मॉल्स और दुकानें बंद रहेंगी। 
  • आवश्यक वस्तुओं की दुकानें जैसे-फल, सब्जी, दूध, दुग्ध उत्पादों की दुकानें खुली रहेंगी। 
  • अधिकृत शराब की दुकानों के संबंध में आबकारी विभाग द्वारा अलग से आदेश जारी किए जाएंगे। 

उल्लंघन पर होगी कार्रवाई:

मेडिकल स्टोर, केमिस्ट की दुकानों और स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित अन्य दुकानों तथा राष्ट्रीय राजमार्ग पर ढाबों पर ये प्रतिबंध लागू नहीं होंगे।

जारी निर्देशों के अंतर्गत एसडीएम अपने-अपने क्षेत्रों में किसी भी विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों को आवश्यकता अनुसार कोविड-19 से संबंधित ड्यूटी जैसे-वैक्सीनेशन, सर्विलांस, होम आइसोलेशन में रह रहे लोगों से मोबाइल पर संपर्क एवं मॉनिटरिंग इत्यादि पर लगाने के लिए अधिकृत होंगे।

जिला दंडाधिकारी ने पुलिस, एसडीएम, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, खंड चिकित्सा अधिकारियों, तहसीलदार-नायब तहसीलदार और अन्य सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को इन आदेशों की अक्षरश: अनुपालना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। 

इसके साथ ही उन्होंने कहा कि जारी निर्देशों का उल्लंघन करने वाले लोगों के खिलाफ आपदा प्रबंधन अधिनियम-2005 की धारा 51-60 के तहत कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

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