'चंबा के वकीलों को कड़वा लगा था चुराह का सच' : अब विस उपाध्यक्ष को जाना होगा कोर्ट- समन जारी

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'चंबा के वकीलों को कड़वा लगा था चुराह का सच' : अब विस उपाध्यक्ष को जाना होगा कोर्ट- समन जारी

चंबा: 'सच कड़वा होता है' इस बात से तो आप सभी वाकिफ होंगे। ऐसा ही कुछ हुआ है चंबा के वकीलों के साथ। दरअसल, चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट चंबा की अदालत ने विधानसभा उपाध्यक्ष डॉ हंसराज को समन जारी कर 9 मई 2022 को अदालत में पेश होने के आदेश दिए हैं।

बता दें कि डॉ हंसराज ने 10 अक्तूबर 2020 को चंबा में एक जनसभा में अधिवक्ताओं पर टिप्पणी की थी। अब करीब डेढ़ साल पहले की गई इस टिपण्णी को अधिवक्ताओं द्वारा इस चुनावी वर्ष में एक बार फिर से मुद्दा बनाने का प्रयास किया जा रहा।

कोर्ट खुलने से लगी मिर्ची:

डॉ हंसराज ने कहा था कि चंबा के वकीलों ने दास (चंबा के वकील अधिवक्ता जय सिंह व मदन रावत का चुराह निवासी क्लाइंट) को उलझाया व उसका शोषण किया। 

चुराह के लोगों को गुमराह किया। अगर हम चुराह में अलग कोर्ट नहीं खुलवाते तो आज भी चंबा के वकील चुराह के लोगों को लूट रहे होते।

सारा जीवन चुराही कमाई चंबा के वकीलों ने खाई है। जय सिंह व रावत ने तो दास सहित पूरे चुराह को लूट लिया है व शोषण किया। चंबा के वकीलों ने कभी सेब, कभी शॉल, कभी चादरू, राजमाह तो कभी मखीर व अखरोट पूरा चुराह निचोड़ दिया।

डॉ हंस राज ने आगे कहा था कि हम नहीं जीतते और सब जज कोर्ट चुराह को नहीं दिया होता तो आज भी चंबा के वकील चुराह को लूट रहे होते।

अब कोर्ट ने जारी किया समन:

वहीं, डॉ हंसराज द्वारा की गई यह टिपण्णी उस वक्त वायरल हो गई थी। इसके बाद उन्हें लीगल नोटिस भी दिया गया था। 

जबकि, अब इस जिला बार एसोसिएशन चंबा ने बैठक कर अदालत का दरवाजा खटखटाया। तो कोर्ट ने विधानसभा उपाध्यक्ष के नाम पर समन जारी किया है।

वहीं, चुराह के लोगों का भी कहना है तीसा में सब कोर्ट खुलने से पूर्व उन्हें मामूली काम और गाड़ियों के चालान तक के लिए भी चंबा जाना पड़ता था। वहां वकीलों को मोटी फीस देनी पड़ती थी। अब चुराह में ही कोर्ट खुल जाने से काफी सुविधा हुई है।

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